Question 13 of 21intermediate💡 UnderstandShort Answer2 marks

पंक्तियों पर चर्चा: "मेरी तो हमेशा यह कोशिश रहती कि मैं गेंद को गोल के पास ले जाकर अपने किसी साथी खिलाड़ी को दे दूँ ताकि उसे गोल करने का श्रेय मिल जाए। अपनी इसी खेल भावना के कारण मैंने दुनिया के खेल प्रेमियों का दिल जीत लिया।"

Correct Answer

इस पंक्ति से पता चलता है कि मेजर ध्यानचंद में अद्भुत खेल भावना थी।

वे खुद गोल करने के बजाय अपने साथी खिलाड़ियों को अवसर देते थे ताकि उन्हें भी गोल करने का श्रेय मिले। यही कारण है कि दुनिया भर के खेल प्रेमियों ने उनका दिल जीत लिया।

उनकी यह खेल भावना उन्हें एक महान खिलाड़ी बनाती है।

Exercise: पंक्तियों पर चर्चा | Q: 5(ख) | (Chapter: पृष्ठ 17)
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Explanation

पाठ में मेजर ध्यानचंद ने स्वयं बताया है कि वे हमेशा अपने साथियों को गोल करने का अवसर देते थे। इससे उनकी टीम स्पिरिट और खेल भावना का पता चलता है।

Solution Steps

  1. मेजर ध्यानचंद में अद्भुत खेल भावना थी

  2. वे साथी खिलाड़ियों को गोल करने का अवसर देते थे

  3. दुनिया भर के खेल प्रेमियों ने उनका दिल जीता

  4. उनकी खेल भावना उन्हें महान खिलाड़ी बनाती है